अजमेर में जल निकाय संरक्षण हेतु नगर निगम-समुदाय- प्रिया की साझा पहल
जलवायु लचीलापन और जल सुरक्षा की दिशा में एक सामुदायिक पायलट परियोजना
अजमेर (अजमेर मुस्कान)। अजमेर शहर में जलवायु परिवर्तन, घटते भूजल स्तर और पारंपरिक जल स्रोतों पर बढ़ते दबाव को देखते हुए अजमेर नगर निगम, स्थानीय समुदाय और पार्टिसिपेटरी रिसर्च इन एशिया (प्रिया), नई दिल्ली के सहयोग से एक सामुदायिक सहभागिता आधारित जल निकाय संरक्षण एवं पुनर्जीवन पायलट परियोजना की शुरुआत की जा रही है। इस पायलट परियोजना के अंतर्गत अजमेर नगर निगम क्षेत्र के दो पारंपरिक जल निकाय- टीटी कॉलेज बावड़ी (वार्ड संख्या 62) तथा मलूसर बावड़ी (वार्ड संख्या 18) को केंद्र में रखते हुए स्वच्छता, संरक्षण, पुनर्जीवन और दीर्घकालीन देखरेख से जुड़े व्यवहारिक उपाय अपनाए जाएंगे।
अजमेर जैसे ऐतिहासिक और पर्यावरणीय रूप से संवेदनशील शहर में जल निकाय केवल जल स्रोत नहीं हैं, बल्कि वे शहरी जल सुरक्षा, भूजल पुनर्भरण, स्थानीय पारिस्थितिकी, जन-स्वास्थ्य और जलवायु अनुकूलन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। बीते वर्षों में गाद भराव, ठोस एवं प्लास्टिक कचरे का जमाव, अतिक्रमण और नियमित देखरेख के अभाव के कारण कई पारंपरिक जल निकाय अपनी प्राकृतिक क्षमता खोते जा रहे हैं।
इस पायलट परियोजना के मुख्य उद्देश्य के रूप में जल निकायों का सरंक्षण और पुनर्जीवन समुदाय के साथ मिलकर किया जाना है। इस परियोजना का उद्देश्य केवल दो जल निकायों तक सीमित नहीं है। यह एक ऐसा सामुदायिक मॉडल विकसित करने का प्रयास है। इसे भविष्य में अन्य बावड़ियों, तालाबों और जल स्रोतों पर भी लागू किया जा सकेगा। इससे शहर स्तर पर जल संरक्षण की एक साझा और टिकाऊ प्रक्रिया विकसित हो सके।
यह पहल जल निकायों की स्वच्छता और संरक्षण पर केंद्रित है। जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभावों के बीच शहर स्तर पर जलवायु-लचीले समाधान कैसे विकसित किए जा सकते हैं। विशेष रूप से यह पहल वर्षा जल संचयन, भूजल पुनर्भरण और सामुदायिक जिम्मेदारी जैसे पहलुओं को व्यवहार में उतारने का प्रयास है। प्रिया नई दिल्ली इस पायलट के माध्यम से सहभागी अनुसंधान, सामुदायिक संवाद और सह-निर्माण की प्रक्रिया को सशक्त कर रहा है। यह मॉडल भविष्य में अजमेर शहर के अन्य जल निकायों तथा राज्य के अन्य शहरी क्षेत्रों में भी अपनाया जा सकेगा।
इस पहल के अंतर्गत किये गए प्रयोगों और अनुभवों को आम जनता एवं अजमेर शहर के अन्य जल स्त्रोतों से जुड़े समुदायों के साथ साझा करने के उद्देश्य से दस्तावेजीकृत आमजन को सर्व सुलभ दस्तावेज के रूप में उपलब्ध कराकर आम जन को जल सरंक्षण की नगर निगम अजमेर और प्रिया की मुहीम में भागिदार बनाया जा रहा हैं। अजमेर शहर के सभी नागरिक इस पहल से जुड़ें। इसमें सक्रिय भागीदारी करें और अपने शहर के जल निकायों के संरक्षण में योगदान देकर इस सामुदायिक प्रयास का हिस्सा बनें। यह पहल तभी सफल होगी जब शहर के लोग सरकार से अपेक्षा रखने की बजाय स्वयं आगे आकर हमारे जल निकाय - हमारी जिम्मेदारी की भावना को व्यवहार में उतारेंगे।

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